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रेलवे में रिश्वतखोरी पर CBI की बड़ी कार्रवाई: जालंधर कैंट ब्रिज वर्कशॉप के SSE मिलिंद कुमार गिरफ्तार

  • लेखक की तस्वीर: Rahul
    Rahul
  • 15 घंटे पहले
  • 2 मिनट पठन

जालंधर: रेलवे में भ्रष्टाचार के खिलाफ केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जालंधर कैंट रेलवे स्टेशन स्थित ब्रिज वर्कशॉप के वरिष्ठ अनुभाग अभियंता (SSE) मिलिंद कुमार को रिश्वत मांगने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। सीबीआई की विशेष टीम ने बुधवार को इंस्पेक्टर कुलदीप सिंह के नेतृत्व में ब्रिज वर्कशॉप में छापेमारी कर यह कार्रवाई की। गिरफ्तारी ठेकेदार हेमंत बंसल की शिकायत के आधार पर की गई।


शिकायतकर्ता हेमंत बंसल के अनुसार, ब्रिज वर्कशॉप में मशीनरी से जुड़े कार्यों के लगभग 50 से 60 लाख रुपये के बिलों का भुगतान जारी करने के एवज में एसएसई मिलिंद कुमार द्वारा दो प्रतिशत रिश्वत की मांग की जा रही थी। ठेकेदार का आरोप है कि रिश्वत मांगने से संबंधित मोबाइल बातचीत की रिकॉर्डिंग भी उनके पास मौजूद है, जिसे उन्होंने सीबीआई को उपलब्ध कराया।


बंसल ने आरोप लगाया कि रिश्वत नहीं देने के कारण उन्हें लगातार परेशान किया गया और कार्य में देरी का हवाला देते हुए उन पर तीन लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया, जिसका भुगतान उन्हें करना पड़ा। उन्होंने बताया कि वर्तमान में भी करीब 28 लाख रुपये का भुगतान लंबित था, जिसे विभिन्न तकनीकी आपत्तियां लगाकर रोका जा रहा था, जबकि संबंधित कार्य का विधिवत वर्क ऑर्डर उनके पास मौजूद था। उनका कहना है कि छह माह में पूरा होने वाले कार्य को दो वर्ष तक लंबा बताकर भी उन पर कार्रवाई की गई।


ठेकेदार ने पहले नई दिल्ली स्थित बड़ौदा हाउस में ब्रिज वर्कशॉप के मुख्य अभियंता आर.पी. सिंह से शिकायत की। मुख्य अभियंता ने मशीनरी की खरीद और कार्य की क्रॉस जांच के आदेश दिए। इसके बाद हेमंत बंसल ने सीबीआई से संपर्क कर रिश्वत मांगने के आरोपों से जुड़ी ऑडियो रिकॉर्डिंग सहित अन्य साक्ष्य सौंपे।



शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद सीबीआई ने विशेष टीम गठित की और बुधवार को ब्रिज वर्कशॉप में छापा मारकर एसएसई मिलिंद कुमार को गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान जांच एजेंसी ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी अपने कब्जे में लिए। कार्रवाई के बाद पूरे वर्कशॉप परिसर में हड़कंप मच गया और कर्मचारियों के बीच दिनभर इस कार्रवाई की चर्चा होती रही।


बड़ौदा हाउस स्थित ब्रिज वर्कशॉप के मुख्य अभियंता आर.पी. सिंह ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा कि ठेकेदार की शिकायत मिलने के बाद मशीनरी की खरीद और कार्य की क्रॉस जांच के निर्देश दिए गए थे। उन्होंने कहा कि सीबीआई ने अपनी स्वतंत्र जांच के आधार पर कार्रवाई करते हुए संबंधित अधिकारी को गिरफ्तार किया है। मामले में आगे की जांच जारी है।

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